Loading Now

‘धुरंधर’ की बंपर कमाई के बीच रणवीर सिंह की बढ़ी मुश्किलें, ‘कांतारा’ विवाद में अब कोर्ट में बिना शर्त मांगेंगे माफी

kantara

‘धुरंधरः द रिवेंज’ की ब्लॉकबस्टर सफलता का जश्न मना रहे बॉलीवुड सुपरस्टार रणवीर सिंह एक बार फिर एक पुराने विवाद में घिरते नजर आ रहे हैं। कर्नाटक हाई कोर्ट में ‘कांतारा’ फिल्म के एक सीन की मिमिक्री से जुड़े विवाद और अभिनेता के खिलाफ दर्ज एफआईआर (FIR) की अहम सुनवाई हुई। इस दौरान रणवीर सिंह के वकील ने अदालत में बड़ा बयान देते हुए कहा है कि अभिनेता कोर्ट में हलफनामा दाखिल कर बिना शर्त माफी मांगने के लिए पूरी तरह से तैयार हैं। इस हाई-प्रोफाइल मामले की अगली सुनवाई अब 10 अप्रैल को होगी, जहां रणवीर को अदालत के समक्ष अपना लिखित माफीनामा पेश करना होगा।

सोशल मीडिया की माफी पर उठे गंभीर सवाल

अदालत में सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने अभिनेता द्वारा सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर मांगी गई माफी पर कड़ी आपत्ति जताई। अभियोजन पक्ष का तर्क था कि इस बात की कोई गारंटी नहीं है कि वह माफीनामा रणवीर ने खुद लिखा हो, हो सकता है कि वह उनकी पीआर या सोशल मीडिया टीम ने पोस्ट किया हो। इस तीखे सवाल पर रणवीर सिंह के वकील ने स्पष्ट किया कि अभिनेता इस पूरे घटनाक्रम से व्यक्तिगत रूप से आहत हैं और वह जल्द ही कोर्ट के सामने खुद अपना लिखित माफीनामा दायर करेंगे। बात यहीं खत्म नहीं हुई, वकील ने यह भी पेशकश की कि ‘धुरंधर 2’ स्टार स्वेच्छा से मैसूर के चामुंडी मंदिर में जाकर भी व्यक्तिगत रूप से माफी मांगने को तैयार हैं।

आखिर क्या है ‘कांतारा’ से जुड़ा यह पूरा बवाल?

यह पूरा विवाद साल 2025 में गोवा में आयोजित इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल ऑफ इंडिया (IFFI) के दौरान शुरू हुआ था। इस इवेंट की क्लोजिंग सेरेमनी में रणवीर सिंह ने मंच से ऋषभ शेट्टी स्टारर ‘कांताराः चैप्टर 1’ की जमकर तारीफ की थी। इसी दौरान उन्होंने फिल्म के उस अहम दैव सीन की मिमिक्री की, जिसमें चामुंडी दैव अभिनेता के भीतर प्रवेश करते हैं। मिमिक्री करते समय रणवीर के मुंह से चामुंडी दैव के लिए ‘महिला भूत’ शब्द निकल गया। इस टिप्पणी ने लोगों की धार्मिक भावनाओं को बुरी तरह आहत कर दिया, जिसके बाद विवाद इतना बढ़ गया कि अभिनेता के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की नौबत आ गई।

विवाद बढ़ने पर दी थी ये सफाई

सोशल मीडिया पर बुरी तरह ट्रोल्स के निशाने पर आने और मामला दर्ज होने के बाद रणवीर सिंह को सार्वजनिक रूप से अपनी सफाई पेश करनी पड़ी थी। उन्होंने अपने बचाव में एक लंबा-चौड़ा पोस्ट शेयर करते हुए लिखा था कि उनके कहने का मकसद सिर्फ ऋषभ शेट्टी की शानदार परफॉर्मेंस को हाईलाइट करना था। उन्होंने स्पष्ट किया था कि उनका इरादा किसी की भी धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाना या पवित्र दैव का अपमान करना बिल्कुल नहीं था। अब देखना यह होगा कि 10 अप्रैल को कोर्ट में हलफनामा पेश होने के बाद अभिनेता को इस कानूनी पचड़े से हमेशा के लिए राहत मिलती है या नहीं।

Post Comment

खेल / मनोरंजन / लाइफस्टाइल